Iran युद्ध पर Donald Trump का बड़ा दावा, जल्द खत्म होगा युद्ध

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने शनिवार (स्थानीय समयानुसार) को भरोसा जताया कि ईरान के साथ चल रहा संघर्ष “बहुत जल्द” खत्म हो जाएगा। उन्होंने दावा किया कि इस संघर्ष के खत्म होने से अमेरिकी उपभोक्ताओं के लिए ऊर्जा की लागत कम हो जाएगी।

केंटकी में एक चुनावी रैली के दौरान समर्थकों को संबोधित करते हुए, Trump ने मध्य-पूर्व के संघर्ष के नतीजों को सीधे तौर पर घरेलू गैस की कीमतों से जोड़ा। उन्होंने वादा किया कि जैसे ही ये सैन्य गतिविधियां खत्म होंगी, ईंधन की कीमतें काफी कम हो जाएंगी।

Trump का गैस कीमतों पर बड़ा बयान

Trump ने कहा, “यह बहुत जल्द खत्म होने वाला है। जब यह खत्म होगा, तो आपकी गैस की कीमतें पहले की तुलना में कम हो जाएंगी।” अपने भाषण के दौरान, राष्ट्रपति ने ईरानी ठिकानों पर की गई पिछली सैन्य कार्रवाइयों का जिक्र किया।

उन्होंने इन ऑपरेशनों को तेहरान की परमाणु महत्वाकांक्षाओं को बेअसर करने के लिए एक जरूरी ‘एहतियाती कदम’ (preemptive action) बताया। Trump ने इन फैसलों का बचाव करते हुए इसे एक “अभियान” (excursion) करार दिया।

उन्होंने दावा किया कि इन हमलों ने ईरान की परमाणु विकास क्षमताओं को बुरी तरह पंगु बना दिया। रैली में Trump ने कहा, “आपको पता है, जब मैंने उस ‘इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान’ में एक छोटा सा अभियान चलाया, तो हमने उनकी बुरी तरह धुनाई कर दी। उस अभियान के जरिए हमने उनकी परमाणु क्षमता को खत्म कर दिया।”

इन हमलों की रणनीतिक कीमत को लेकर चल रही बहस पर Trump ने जोर देकर कहा कि एक परमाणु हथियार संपन्न ईरान को रोकना राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सबसे बड़ी प्राथमिकता थी।

Trump ने आगे कहा, “किसी ने पूछा, ‘क्या यह सब करना सही था?’ मैंने जवाब दिया, ‘उनके पास परमाणु हथियार नहीं हो सकते; बिल्कुल नहीं, क्योंकि अगर उनके पास ये आए, तो वे इनका इस्तेमाल जरूर करेंगे।'”

इस बीच, ईरान के उप विदेश मंत्री सईद खतीबजादेह ने कहा कि क्षेत्र में स्थायी शांति के लिए सभी मोर्चों पर दुश्मनी खत्म करना जरूरी है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर कहीं भी लड़ाई जारी रहती है, तो इससे व्यापक संघर्ष और लंबा खिंच सकता है।

Pezeshkian का बयान, Iran ने US प्रतिबंधों के लिए अपनाई नई व्यवस्था

Iran लेबनान युद्ध खत्म करेगा

सरकारी समाचार एजेंसी IRNA ने लेबनान के ‘अल मायादीन’ टीवी नेटवर्क के हवाले से बताया कि खतीबजादेह के अनुसार, ईरान लेबनान पर इजरायल के युद्ध को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है।

उन्होंने कहा कि इस लक्ष्य को ‘इस्लामाबाद समझौता ज्ञापन’ (memorandum of understanding) में शामिल किया गया था, जिस पर इस साल जून के मध्य में ईरान और अमेरिका ने हस्ताक्षर किए थे।

उन्होंने बताया कि ईरान और अमेरिका के बीच हुई बातचीत में लेबनान एक अहम मुद्दा था। साथ ही, उन्होंने कहा कि बेरूत की अपनी यात्रा के दौरान उन्होंने दोनों पक्षों को एक-दूसरे के करीब लाने की कोशिश की।

ईरान के एक वरिष्ठ अधिकारी, जो बुधवार को स्थानीय नेताओं के साथ बातचीत के लिए लेबनान की राजधानी पहुंचे थे, ने अपनी बातचीत को “अच्छा” बताया। उन्होंने संसद अध्यक्ष नबीह बेरी, प्रधानमंत्री नवाफ सलाम और विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधियों के साथ अपनी मुलाकातों की पुष्टि की।

उन्होंने जोर देकर कहा कि इज़राइल को लेबनान और लेवांत क्षेत्र में अपना युद्ध रोकना चाहिए, क्योंकि इन दोनों क्षेत्रों की घटनाएं आपस में गहराई से जुड़ी हुई हैं। खतीबज़ादेह ने यह भी आरोप लगाया कि वाशिंगटन और तेल अवीव ने ईरान और लेबनान पर हमले करके ‘इस्लामाबाद समझौता ज्ञापन’ (मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग) का उल्लंघन किया है।

America से बढ़ते तनाव के बीच Vladimir Putin ने Iran का साथ देने का वादा किया

लेबनान युद्ध पर Iran का आरोप

उन्होंने कहा कि युद्धविराम कराने और लेबनान पर इज़राइल के युद्ध को समाप्त करने के अमेरिकी प्रयास विफल रहे हैं। उन्होंने कहा कि इज़राइल पर अपनी बात रखने के मामले में भरोसा नहीं किया जा सकता, और अपने सहयोगी (इज़राइल) को नियंत्रित करने की जिम्मेदारी अमेरिका की है।

ईरान के उप विदेश मंत्री ने अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत ईरान के खिलाफ अमेरिका के युद्ध को गैर-कानूनी करार दिया। उन्होंने कहा कि वाशिंगटन न तो ईरान की वायु रक्षा प्रणाली को नष्ट कर सका और न ही हमलों को रोकने की उसकी क्षमता को खत्म कर पाया।

उन्होंने कहा कि तेहरान ने अपने अस्तित्व के लिए लड़े गए युद्ध का डटकर सामना किया है और वह आगे भी अपनी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करता रहेगा। उन्होंने बताया कि ईरान, अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) और अमेरिका द्वारा उसके शांतिपूर्ण परमाणु कार्यक्रम को लेकर उठाए गए सवालों का जवाब देने के लिए तैयार है।

उन्होंने IAEA की 15 से अधिक रिपोर्टों का हवाला दिया, जिनमें पुष्टि की गई है कि ईरान नियमों का पालन कर रहा है। तेहरान ने ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़’ (होर्मुज़ जलडमरूमध्य) को सात दिनों के भीतर फिर से खोलने का प्रस्ताव भी दिया है। साथ ही, उन्होंने जोर देकर कहा कि ईरान युद्ध नहीं चाहता, लेकिन अगर उस पर कोई संघर्ष थोपा जाता है, तो वह उसका मुंहतोड़ जवाब देगा।

अन्य ख़बरों के लिए यहाँ क्लिक करे

↑
Exit mobile version