होम ब्लॉग पेज 645

Farmers Chakka Jam: चक्का जाम के आहवान पर राजस्थान में कांग्रेस का मिला समर्थन

0

Jaipur: नए कृषि कानूनों (Farm Laws) को वापस लेने की मांग को लेकर आंदोलनरत किसानों की ओर से शनिवार को देश में कई जगह चक्का जाम (Chakka Jam) किया गया। चक्का जाम (Chakka Jam) आह्वान के तहत राजस्थान के भी विभिन्न जिलों के राजमार्गों पर दोपहर बारह से अपराह्न तीन बजे तक किसानों ने रास्ते रोके।

प्रदेशभर में हुए चक्का जाम (Chakka Jam) का सत्तारुढ़ कांग्रेस पार्टी का भी पूरा समर्थन मिला। जहां एक प्रदेश के कई जिलों में चक्का जाम किया गया। वहीं राजधानी जयपुर को जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्गों पर भी ट्रैक्टर लगाकर रास्ते रोककर जाम लगाया गया। इसके अलावा पत्थर और सड़कों का घेराव कर भी जाम लगाया गया। खास बात यह है कि इन जामों में कई जगहों पर महिलाओं ने भी हिस्सा लिया।

जब तक माँगे नहीं मानी जाएँगी किसान घरों को नहीं लौटेंगे- राकेश टिकैत

प्रदेश के हाडौती में भी कई जगह सड़कों पर बैठकर किसानों ने चक्का जाम (Chakka Jam) किया।12 से 3 बजे तक यहां जाम रहा। इधर कोटा में कांग्रेस जिला कमेटी की ओर से ट्रेक्टर रैली (Tractor Rally) भी निकाली गई। वहीं कोटा दशहरा पशुमेला ग्राउंड में सभा आयोजित की गई। यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल, पूर्व मंत्री व सांगोद विधायक भरत सिंह, पीसीसी सचिव राखी गौतम इस दौरान मंच पर मौजूद रहे। साथ ही कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार पर तीन कृषि कानून (Farm Laws) को लेकर जमकर निशाना साधा । 

दिल्ली बॉर्डर पर बढ़ता जा रहा किसानों का जमावड़ा

वहीं धौलपुर में बाड़ी रोड पर तलाबशाही के पास nh-11 वी पर किसानों ने चक्का जाम (Chakka Jam) कर धरना प्रदर्शन किया। साथ ही जमकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। यहां हजारों की संख्या में किसान प्रदर्शन (Farmers Protest) कर रहे थे। किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने ट्रैफिक को डायवर्ट किया। ताकि लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना ना करना पड़े। धौलपुर में बाड़ी विधायक गिर्राज सिंह मलिंगा भी किसानों के समर्थन में दिखे। 

UP के भदोही में पुलिस ने छापा मार लाखों की नकली शराब बरामद की

UP: उत्तर प्रदेश (UP) के भदोही (Bhadohi) जिले में पुलिस ने नकली शराब बनाने के बड़े कारोबार का भंडाफोड़ किया है। इस दौरान 62 गैलन स्प्रिट, एक मैजिक वाहन, शीशियां और अन्य तमाम उपकरण बरामद किए गए हैं। यह कारोबार कोइरौना थाना क्षेत्र के बेरवा पहाड़पुर गांव में चल रहा था।

Lucknow Murder: पुजारी की कुल्हाड़ी से काटकर हत्या, बदमाश लूट ले गये दानपात्र

कोइरौना पुलिस ने थानाक्षेत्र के बेरवा पहाड़पुर गांव में मुखबिर की सूचना पर छापेमारी की। वहां से 62 गैलन स्प्रिट, बड़ी मात्रा में रैपर, खाली शीशी, शराब बनाने का सामान और एक मैजिक गाड़ी को कब्जे में लिया गया। पकड़े गए माल की कीमत चार लाख से अधिक बताई जा रही है। थानेदार के अनुसार, एक घर में छापा मारकर नकली शराब बनाने का सामान बरामद किया गया।

Farmers Chakka Jam: जब तक माँगे नहीं मानी जाएँगी किसान घरों को नहीं लौटेंगे- राकेश टिकैत

0

New Delhi: किसानों का देश भर में तीन घंटे का चक्का जाम (Farmers Chakka Jam) सफल और शांतिपूर्ण रहा. यूपी, उत्तराखंड और दिल्ली को इससे अलग रखा गया था. किसान नेता राकेश टिकैत (Rakesh Tikait) ने चक्का जाम (Farmers Chakka Jam) खत्म होने के बाद दो टूक कहा कि कृषि कानूनों (Farm Laws) की वापसी की मांग नहीं माने जाने तक किसान घरों को नहीं लौटेंगे. 

Tractor Rally: किसान नेता बोले- आंदोलन को खराब करने वाले लोग राजनीतिक दलों के हैं

टिकैत ने कहा कि केंद्र से बातचीत करने को लेकर किसान संगठनों पर कोई दबाव नहीं है. दिल्ली-यूपी के गाजीपुर बॉर्डर पर टिकैत ने कहा कि यह आंदोलन (Farmers Protest) दो अक्टूबर तक चलेगा और तब तक केंद्र सरकार के पास इन कानूनों को वापस लेने की मोहलत है. अगर तब तक सरकार नहीं मानती है तो किसान संगठन विरोध प्रदर्शन की अगली रणनीति तैयार करेंगे.

जींद की किसान महापंचायत में Rakesh Tikait का टूटा मंच, दर्जनों लोग नीचे गिरे

टिकैत चक्का जाम (Farmers Chakka Jam) के सफल और शांतिपूर्ण ढंग से पूरा होने पर जोश में नजर आए. यूपी, उत्तराखंड, दिल्ली को छोड़कर उत्तर भारत के सभी राज्यों दक्षिण भारत में तेलंगाना, तमिलनाडु, कर्नाटक, तेलंगाना भी चक्काजाम के आह्वान का असर देखने को मिला. कांग्रेस, वामपंथी दलों के अलावा तमाम राजनीतिक दलों का भी किसानों को साथ मिला.

Tractor Rally: हिंसा मामले में 6 किसान नेताओं के खिलाफ FIR

किसानों ने सोनीपत में अपने ट्रैक्टर और बड़े ट्रक लगाकर ईस्टर्न और वेस्टर्न पेरिफ़ेरेल एक्सप्रेसवे बंद किया. किसान एंबुलेंस और अन्य आपात सेवा के वाहनों को जाने दे रहे थे.  किसानों ने सोनीपत में कुंडली बॉर्डर के पास केजीपी-केएमपी पर जाम लगाया. चक्का जाम (Farmers Chakka Jam) के दौरान, किसानों ने जम्मू-पठानकोट हाईवे, अमृतसर-दिल्ली नेशनल हाईवे, शाहजहांपुर (राजस्थान-हरियाणा) बॉर्डर के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्का जाम (Farmers Chakka Jam) किया.

Prakash Raj द्वारा किसान आंदोलन को लेकर किया गया ट्वीट खूब वायरल हो रहा है

0

New Delhi: भारत में चल रहे किसान आंदोलन (Farmers Protest) को लेकर भारत सहित अंतरराष्ट्रीय हस्तियां भी लगातार अपना पक्ष रख रही हैं. बॉलीवुड एक्टर प्रकाश राज (Prakash Raj) भी लगातार ट्वीट के जरिए अपनी राय पेश कर रहे हैं. उन्होंने फिर से एक ट्वीट किया है, जिसमें उन्होंने कहा है कि आप जिसके साथ खेलना पसंद करते हैं उसके बिना भी खेल जारी रहता है. प्रकाश राज (Prakash Raj) का यह ट्वीट हमेशा की तरह सोशल मीडिया पर खूब पढ़ा जा रहा है. उनके इस ट्वीट पर ट्विटर यूजर्स खूब रिएक्शन भी दे रहे हैं.

Prakash Raj ने ग्रेटा थनबर्ग के ट्वीट को रिट्वीट करते हुए कहा- किसानों को मेरा समर्थन जारी

प्रकाश राज (Prakash Raj) ने ट्वीट किया: “यह वो दौर है…जब आप किसी के साथ बॉल गेम खेलना पसंद करते हैं, लेकिन उसके बिना भी खेलना जारी रखते है.” प्रकाश राज लगभग हर समसामयिक मुद्दे पर खुलकर अपनी राय पेश करते हैं और इस बार भी उन्होंने यही किया है. प्रकाश राज ने अपने ट्वीट में हैशटैग #FarmersProtest #IStandWithFarmers #justasking का भी उपयोग किया है.

दिल्ली छोड़ बाकी समूचे देश में राजमार्गों पर करेंगे चक्का जाम

किसान आंदोलन (Farmers Protest) के अपटेड की बात करें तो कृषि कानूनों (Farm Laws) के खिलाफ किसान अब शनिवार यानी 6 फरवरी को देशभर में चक्का जाम करेंगे. किसान संगठनों ने शुक्रवार को कहा कि  दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड को छोड़कर बाकी समूचे देश में राजमार्गों पर चक्का जाम करेंगे. किसान नेता दर्शनपाल सिंह ने कहा कि हम कल दिल्ली में चक्का जाम नहीं कर रहे हैं. हम सभी बार्डरों पर शांतिपूर्ण तरह से बैठे रहेंगे. हम दिल्ली के अलावा पूरे देश में राष्ट्रीय और राज्य हाईवे बंद करेंगे. दोपहर 12 से 3 बजे तक ही चक्का जाम रहेगा. वहीं, किसान नेता बलबीर सिंह राजोवाल और राकेश टिकैत की बैठक हुई. राकेश टिकैत ने कहा कि यूपी और उत्तराखंड में भी कल चक्का जाम नहीं होगा.

Farm Laws: INLD के नेता अभय चौटाला का ऐलनाबाद सिरसा महापंचायत में सम्मान

0

New Delhi: कृषि कानूनों (Farm Laws) के विरोध में और किसान आंदोलन (Farmers Protest) के समर्थन में विधायक पद से इस्तीफा देने वाले इनेलो (INLD) नेता अभय सिंह चौटाला (Abhay Chautala ) का शुक्रवार को सिरसा जिले के एलेनाबाद सीट पर हुई किसानों की महापंचायत (Kisan Mahapanchayat) में सम्मान किया गया. चौटाला उनकी पार्टी (INLD) के एकमात्र विधायक थे, जो एलेनाबाद (Ellanabad) से जीते थे.

Farmers Protest: दिल्ली बॉर्डर पर बढ़ता जा रहा किसानों का जमावड़ा

57 साल के चौटाला ने 11 जनवरी को विधानसभा स्पीकर को लिखे पत्र में कहा था कि अगर केंद्र सरकार 26 जनवरी तक केंद्रीय कृषि कानूनों (Farm Laws) को वापस नहीं लेती है तो इसे विधानसभा से उनका त्यागपत्र समझा जाए. उन्होंने कहा था कि किसानों पर अलोकतांत्रिक तरीके से किसानों पर काला कानून थोपा था. कृषि बाहुल्य क्षेत्र के ज्यादातर राजनीतिक दलों की तरह अभय चौटाला भी कृषि कानूनों (Farm Laws) के खिलाफ किसानों के साथ खड़े होने का दबाव झेल रहे हैं.

दिल्ली छोड़ बाकी समूचे देश में राजमार्गों पर करेंगे चक्का जाम

एलेनाबाद (Ellanabad) में किसानों की भारी भीड़ के समक्ष चौटाला ने कहा, वह सभी किसान नेताओं को सिरसा में होने वाली अगली महापंचायत में शामिल होने का न्योता देते हैं. चौटाला ने कहा कि हम किसान मोर्चा की अगली घोषणा का इंतजार कर रहे हैं. जो भी फैसला किसान नेता लेते हैं. उसे हमारा पूरा समर्थन रहेगा. चौटाला ने कहा, शनिवार को चक्का जाम के दौरान हम सुनिश्चित करेंगे कि राजस्थान से कोई भी वाहन हरियाणा में प्रवेश न करने पाए. 

Jayant Chaudhary का बीजेपी पर हमला, कृषि कानूनों को लेकर कही बड़ी बात।

0

New Delhi: राष्ट्रीय लोकदल (RLD) के उपाध्यक्ष जयंत चौधरी (Jayant Chaudhary) ने शुक्रवार को कहा कि किसानों को नए कृषि कानूनों (New Farm Laws 2020) को निरस्त करने के सिवा कुछ भी मंजूर नहीं है और कृषकों के खिलाफ सरकार की कठोर रणनीति काम नहीं आएगी. उन्होंने कहा कि सड़कों पर बिछायी गयी कीलें भाजपा के ‘‘राजनीतिक ताबूत’’ की कीलें साबित होंगी.

पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ किसान पंचायतों में हिस्सा ले चुके और केंद्र के कृषि कानूनों (Farm Laws) के खिलाफ जोर-शोर से अभियान चला रहे चौधरी (Jayant Chaudhary) ने कहा कि सरकार को इन कानूनों को तुरंत वापस लेना चाहिए और किसानों की सहमति के बाद इसे तैयार करना चाहिए. राष्ट्रीय लोक दल (RLD) के उपाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि देश के मौजूदा नेतृत्व को भावनाओं की परवाह नहीं है और वह दंगे, मौत या प्रदर्शन से व्याकुल नहीं होता क्योंकि वह अपने दायरे में सिमटा हुआ है.

Farmers Protest: दिल्ली बॉर्डर पर बढ़ता जा रहा किसानों का जमावड़ा

पूर्व सांसद ने कहा, ‘‘यह अधिनायकवादी शासन है. वे जमीन पर मौजूद अपने राजनीतिक लोगों की भी नहीं सुनते हैं. अगर आप भाजपा (BJP) के विधायक या सांसद से अनौपचारिक बातचीत करें तो पता चलेगा कि वे खुश नहीं है और वे भारत के लोगों के उठ खड़े होने को महसूस कर रहे हैं जिन्होंने (PM Modi) मोदी को वोट किया था.’’

चौधरी ने कहा कि वह किसानों के हर धरना स्थल पर गए हैं, किसानों की पंचायतों को संबोधित किया है और उन्हें लगता है कि पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों के किसानों के बीच एक भावनात्मक जुड़ाव बन गया है.

दिल्ली के धरनास्थलों पर इंटरनेट सेवाएं दो फरवरी की रात तक निलंबित

उन्होंने कहा, ‘‘वे एकजुट हो रहे हैं और मुझे नहीं लगता है कि वे जिस चीज (कानूनों को निरस्त करवाने) के लिए आए हैं उसके सिवा उन्हें कुछ और मंजूर होगा.’’ RLD नेता ने कहा कि किसान अपने गांव छोड़कर आए हैं, उन्होंने कई कठिनाइयों का सामना किया है और करीब 150 किसानों की मौत हो गयी और वे सरकार का रुख कड़ा होने के बावजूद लौटना नहीं चाहते.

चौधरी (Jayant Chaudhary) ने कहा कि किसानों का रुख स्पष्ट है कि ये कानून (Farm Laws) उनके लिए नहीं बनाए गए हैं और वे इन्हें स्वीकार नहीं करेंगे. उन्होंने कहा कि कानून बनाना सरकार का विशेषाधिकार है लेकिन जनता की इच्छा सर्वोपरि होती है.

दिल्ली छोड़ बाकी समूचे देश में राजमार्गों पर करेंगे चक्का जाम

दिल्ली की सीमाओं पर प्रदर्शन स्थल के आसपास सड़कों पर कीलें लगाए जाने और अवरोधक मजबूत किए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘ये सड़कों पर कील नहीं लगाई गई हैं, ये भाजपा के राजनीतिक ताबूत में कील की तरह हैं. ’’ उन्होंने कहा, ‘‘बहुत व्यथित करने वाली तस्वीरें दुनिया के सामने गयी है. ये वो लोग हैं जिन्होंने दिल्ली को गोरों से आजादी दिलायी, जो मुगलों के खिलाफ लड़े. जब भी दिल्ली में कोई संकट हुआ पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश के किसान ही सबसे पहले वहां पहुंचे. आज दिल्ली में किसान घाट (पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह का स्मारक), संसद और राजघाट है और आप इन किसानों को दिल्ली में प्रवेश करने से भी रोक रहे हैं.’’

किसान नेता बोले- आंदोलन को खराब करने वाले लोग राजनीतिक दलों के हैं

सरकार द्वारा कृषि कानूनों को 18 महीने के लिए स्थगित किए जाने के प्रस्ताव पर चौधरी (Jayant Chaudhary) ने कहा कि इस प्रस्ताव पर प्रदर्शनकारी किसान संगठनों या खुद किसानों ने भी कोई रजामंदी नहीं दिखायी. उन्होंने कहा कि किसान सवाल पूछ रहे हैं कि 18 महीने के लिए स्थगित क्यों किया जा रहा और संसद या सरकार के काम में उच्चतम न्यायालय को क्यों शामिल किया जा रहा है.

उन्होंने कहा, ‘‘सख्त रणनीति का इस्तेमाल चीन या अन्य देशों के साथ होना चाहिए जिनके साथ टकराव चल रहा है, भारत के नागरिकों से निपटने के लिए सख्त रणनीति का इस्तेमाल नहीं होना चाहिए.’’अपने पिता और रालोद अध्यक्ष अजित सिंह द्वारा भारतीय किसान यूनियन को समर्थन दिए जाने के बारे में पूछे जाने पर चौधरी (Jayant Chaudhary) ने कहा कि यह टिकैत बंधुओं (नरेश और राकेश टिकैत) के साथ गठबंधन नहीं है, किसानों के साथ एकजुटता दिखाने के लिए समर्थन दिया गया है.

RBI ने रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया, GDP में 10.5% की ग्रोथ का अनुमान

New Delhi: अगर आपने होम लोन, ऑटो लोन या किसी भी तरह का लोन लिया है तो यह अभी सस्ता नहीं होगा। ऐसा इसलिए, क्योंकि रिजर्व बैंक (RBI) ने अपनी पॉलिसी कमिटी की बैठक में रेट में कोई बदलाव नहीं किया है। रिजर्व बैंक (RBI) ने रेपो रेट को 4% और रिवर्स रेपो रेट को 3.35% बरकरार रखा है। RBI से कर्ज लेने पर बैंक जिस रेट पर ब्याज चुकाते हैं, उसे रेपो रेट कहा जाता है। वहीं, अपनी बचत RBI के पास रखने पर बैंकों को जो ब्याज मिलता है, वह रिवर्स रेपो रेट कहलाता है।

रिजर्व बैंक (RBI) हर दो महीने में दरों को बदलने या न बदलने के बारे में मीटिंग करता है। इसमें उसकी 6 लोगों की टीम होती है। RBI गवर्नर शक्तिकांत दास ने 2021-22 के लिए सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में 10.5% की ग्रोथ का अनुमान जताया है। MPC की बैठक बुधवार 3 फरवरी से शुरू हुई थी।

ICICI सिक्योरिटीज की सीनियर इकोनॉमिस्ट अनघा देवधर ने कहा कि MPC का यह निर्णय उम्मीद के मुताबिक रहा। आने वाले दिनों में महंगाई से राहत मिल सकती है। ऐसे में RBI दरों में भी कमी आएगी। कुल मिलाकर MPC का निर्णय विकास और वित्तीय स्थिरता के लिए अच्छा है।

RBI ने NBFC पर कड़े नियमन और सख्त निगरानी लागू करने की सिफारिश की

जानकारों ने पहले ही उम्मीद जताई थी कि RBI रेपो रेट में कटौती से बचेगा। रेपो रेट का अर्थ RBI द्वारा बैंकों को दिए जाने लोन पर ब्याज दर है। एक फरवरी को पेश बजट 2021-22 के बाद RBI की यह पहली बैठक है। रिजर्व बैंक ने पिछले साल फरवरी से अब तक रेपो रेट में कुल 115 बेसिस पॉइंट की कटौती की है।

रिवर्स रेपो रेट भी स्थिर

MPC ने पिछली 3 बार के बैठकों में प्रमुख नीतिगत दरों में कोई बदलाव नहीं किया था। मौजूदा समय में रेपो रेट 4% है, जो 15 साल के न्यूनतम स्तर पर है। वहीं, RBI ने रिवर्स रेपो रेट भी 3.35% पर बरकरार रखा है। इसी दर पर बैंक अपने पास जमा रकम को रिजर्व बैंक के पास जमा कराते हैं।

Budget 2021 में Petrol-Diesel पर लगाया गया कृषि सेस

बता दें कि आने वाले समय में लोन की दरें ऊपर जा सकती हैं। क्योंकि रिजर्व बैंक (RBI) ने दरों में कमी करने का फैसला रोक रखा है। रिजर्व बैंक अब महंगाई और ग्रोथ पर फोकस कर रहा है। सरकार भी ग्रोथ बढ़ाने पर ही फोकस कर रही है। इस तरह से ग्रोथ बढ़ने पर ब्याज दरों में कमी रुक जाएगी और आगे चलकर इसमें बढ़त हो सकती है। कुछ बैंक के चेयरमैन का मानना है कि मई-जून के बाद ब्याज दरें ऊपर की ओर जा सकती हैं। क्योंकि तब तक आर्थिक स्थिति सही हो सकती है और मांग बढ़ सकती है। कोरोना पर काफी काबू तब तक हो जाएगा। ऐसे में आप अगर लोन लेना चाहते हैं तो यह सस्ते लोन का अंतिम दौर हो सकता है।

टॉप-20 निवेशकों से मिले पीएम मोदी, कहा विश्वसनीयता के साथ रिटर्न चाहिए, तो भारत सही जगह है।

चालू वित्त वर्ष की चौथी तिमाही के लिए उपभोक्ता महंगाई दर (CPI) 5.2% रहने का अनुमान जताया गया है। इसका पहले अनुमान 5.8% का था। शक्तिकांत दास ने कहा कि विदेशी निवेशक भारतीय अर्थव्यवस्था पर भरोसा जता रहे हैं। इसका ही नतीजा रहा कि हाल के महीनों में FDI और FPI निवेश का फ्लो लगातार बढ़ा है।

Jewellery shop से करीब 40 लाख रुपये के आभूषण चोरी करने वाला बदमाश गिरफ्तार

Haryana-Faridabad: सराय ख्वाजा थाना एरिया स्थित जूलरी शॉप (Jewellery Shop) की तिजोरी को गैस कटर से काटकर करीब 40 लाख रुपये के आभूषण चोरी करने वाले बदमाश को क्राइम ब्रांच बदरपुर बॉर्डर की टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपित के कब्जे से चोरी की गई 40 लाख रुपये कीमत की जूलरी भी बरामद कर ली गई है। पुलिस ने गुरुवार को उसे कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है।

48 घंटे में दूसरा ATM उखाड़ ले गए बदमाश, 12.70 लाख थे मौजूद

पुलिस प्रवक्ता आदर्श दीप सिंह ने गुरुवार को सेक्टर-21 स्थित कार्यालय में प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि गिरफ्तार आरोपित राशिद अली मूलरूप से यूपी के बुलंदशहर का रहने वाला है। वह फिलहाल नोएडा के परी चौक के पास किराए पर रह रहा था। पुलिस की टीम ने अपने विशेष सूत्रों के माध्यम से आरोपित को कालिंदी कुंज दिल्ली से अरेस्ट किया है। राशिद ने 28 जनवरी की रात थाना सराय ख्वाजा एरिया स्थित एक जूलरी शॉप (Jewellery Shop) में घुसकर गैस कटर से तिजोरी काटकर 40 लाख रुपये के आभूषण चोरी कर लिए थे। इस मामले में उसके खिलाफ थाना सराय ख्वाजा में चोरी का मामला दर्ज किया गया था।

Delhi-NCR में सक्रिए Gangs गाड़ियों को करते है टार्गट, रहें होशियार।

पुलिस कमिश्नर ओपी सिंह ने एसीपी क्राइम अनिल कुमार की देखरेख में क्राइम ब्रांच बदरपुर बॉर्डर को इस मामले को सुलझाने की जिम्मेदारी सौंपी थी। क्राइम ब्रांच प्रभारी इंस्पेक्टर सेठी मलिक ने एएसआई नरेंद्र, एचसी रविन्द्र, एचसी भूपेंद्र, एचसी दीपक, एचसी संदीप, सिपाही फारूख और अखंड प्रताप की टीम गठित कर आरोपित को अरेस्ट करने में कामयाबी हासिल की है। आरोपित ने पूछताछ में बताया कि वह पहले भी चोरी की कई वारदात कर चुका है। वह अब तक दिल्ली में 4, रोहतक में 1, पानीपत में 1, गाजियाबाद में 6 और अलवर राजस्थान में चोरी की 1 वारदात अंजाम दे चुका है। आरोपित गाजियाबाद, रोहतक, अलवर और पानीपत की जेल में सजा भी काट चुका है।

UP: सीतापुर में तीन बच्चों सहित मां ने खाया जहर, 2 बच्चों की मौत एक गंभीर।

पुलिस पूछताछ में राशिद ने बताया कि सराय ख्वाजा स्थित जूलरी शॉप (Jewellery Shop) में चोरी करने से पहले उसने कई दिन तक सराय ख्वाजा, सेक्टर 37 व बदरपुर बॉर्डर के मार्केट में घूमकर रेकी की थी। इस दुकान के पास लोहे की सीढ़ी होने के कारण यहां चोरी करने का प्लान बनाया था। नया गैस सिलेंडर व गैस कटर का सामान खरीदकर एक बड़े बैग में डाला और रात के समय साथ वाली दुकान से ऊपर जाकर शोरूम (Jewellery Shop) का गेट गैस कटर से काटकर उसमें दाखिल हो गया। इसके बाद तिजोरी को गैस कटर से काटकर गोल्ड व डायमंड के जेवरात चोरी करके ले गया था।

जमीन बेचने के झगड़े में वृद्ध पिता की प्रेमिका संग हत्‍या, 5 गिरफ्तार

राशिद ने बताया कि वह हमेशा अकेला ही चोरी की वारदात को अंजाम देता था। उसने यह भी बताया कि वह जूलरी की दुकान खोलना चाहता था। इसके लिए वह जूलरी इकट्ठी कर रहा था। पुलिस ने उसके कब्जे से सोने की नोज पिन 139, सोने की अंगूठी 49, सोने की नथ 9, सोने की बाली 192, सोने की टॉप्स 42, सोने की कान की लटकन 20, सोने के चांद-सूरज 31, सोने के झाले 2, कान की चेन 2, मांग टीका 1, मंगलसूत्र 9, लॉकेट डायमंड 6, चूड़ी 4, सोने की चेन 1, सोने के लॉकेट 60, चोरी करते समय गैस कटर से जली हुई प्लास्टिक से चिपका हुआ कुछ सोने का सामान, आर्टीफिशियल जूलरी, वारदात में प्रयोग स्कूटी, गैस कटर, एलपीजी सिलेंडर व ऑक्सीजन सिलेंडर बरामद किया है।

Farm Laws: किसानों को भड़काया गया, आंदोलन बस एक राज्य तक सीमित- राज्यसभा में बोले कृषि मंत्री

0

New Delhi: कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर (Narendra Singh Tomar) ने शुक्रवार को संसद के बजटीय सत्र के दौरान शुक्रवार को राज्यसभा में कहा कि मोदी सरकार (Modi Government) के तीन नए कृषि सुधार कानूनों (Farm Laws) पर किसानों को भड़काया जा रहा है. उन्होंने यह भी कहा कि किसानों का आंदोलन (Farmers Protest) बस एक राज्य के किसानों तक ही सीमित है. विपक्ष के विरोध के बीच सरकार ने कृषि कानूनों (Farm Laws) और किसान आंदोलन पर सरकार की वकालत करने के लिए कृषि मंत्री का आज सदन में संबोधन रखा गया था.

कृषि कानूनों में संशोधन के लिए कई प्रस्‍ताव दिए गए किसानों को-कृषि मंत्री तोमर

मंत्री ने कृषि और ग्रामीण क्षेत्रों में मोदी सरकार की उपलब्धियां गिनाने के बाद किसान आंदोलन (Farmers Protest) पर टिप्पणियां कीं और कहा कि इन कानूनों को लेकर किसानों को गुमराह किया गया है. उन्होंने इस बात का दावा भी किया कि विरोध करने वाले इन्हें काला कानून बता रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई यह नहीं बता पाया है कि इसमें काला क्या है. उन्होंने कहा कि ‘मैं विपक्ष और किसान यूनियनों से दो महीनों से पूछ रहा हूं कि इन कानूनों में काला क्या है, ताकि हम उसे ठीक कर सकें. लेकिन कोई कुछ नहीं बता पाया है.’ 

Narendra Singh Tomar: हम बातचीत के लिए हमेशा तैयार हैं, सरकार के भेजे प्रस्ताव पर विचार करें किसान संगठन

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सरकार किसानों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध हैं और नए कानूनों का मकसद किसानों की आय में वृद्धि करना है. तोमर ने नए कृषि कानूनों (Farm Laws) के खिलाफ किसानों के आंदोलन (Farmers Protest) को एक राज्य का मसला बताया और कहा कि नए कानूनों में ऐसे कोई प्रावधान नहीं हैं जिनसे किसानों की जमीन छिन जाने का खतरा हो.

नरेंद्र सिंह तोमर से मुलाकात कर यूपी के भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों ने नए कृषि कानूनों का समर्थन किया।

तोमर ने राज्यसभा में राष्ट्रपति अभिभाषण पर पेश धन्यवाद प्रस्ताव पर हुई चर्चा में हस्तक्षेप करते हुए कहा कि विपक्षी नेता नए कानूनों (New Farm Laws) को काला कानून बता रहे हैं लेकिन वे यह नहीं बता रहे हैं कि इसमें गड़बड़ी क्या है.

कृषि मंत्री ने सदन को बताया कि सरकार आत्मनिर्भर पैकेज के तहत एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए 1 लाख करोड़ का फंड जारी किया है और यह सुनिश्चित कर रही है कि यह फंड कृषि क्षेत्र में पहुंचे.

Farmers union: दिल्ली छोड़ बाकी समूचे देश में राजमार्गों पर करेंगे चक्का जाम

New Delhi: केंद्र के कृषि कानूनों (Farm Laws) के खिलाफ आंदोलन (Farmers Protest) के बीच किसान शनिवार यानी 6 फरवरी को देशभर में चक्का जाम (Chakka Jam) करेंगे. किसान संगठनों (Farmers union) ने शुक्रवार को कहा कि दिल्ली को छोड़कर बाकी समूचे देश में राजमार्गों पर चक्का जाम करेंगे.

किसान नेता बोले- आंदोलन को खराब करने वाले लोग राजनीतिक दलों के हैं

किसान नेता दर्शनपाल सिंह ने कहा कि हम कल दिल्ली में चक्का जाम नहीं कर रहे हैं. हम सभी बार्डरों पर शांतिपूर्ण तरह से बैठे रहेंगे. हम दिल्ली के अलावा पूरे देश में राष्ट्रीय और राज्य हाईवे बंद करेंगे. दोपहर 12 से 3 बजे तक ही चक्का जाम रहेगा.  

Farmers Protest: दिल्ली बॉर्डर पर बढ़ता जा रहा किसानों का जमावड़ा

किसान नेता ने कहा कि हम सिंघु और टिकरी बॉर्डर पर शांतिपूर्ण तरीक़े से बैठे रहेंगे. दोपहर 3 बजे जब चक्का जाम ख़त्म होगा तो हम एक साथ एक मिनट के लिए अपनी गाड़ियों का हार्न बजाएंगे. उन्होंने कहा कि इंटरनेट बंद होने से हमें काफ़ी समस्या हो रही है. पूरा संयुक्त किसान मोर्चा यहीं से चक्का जाम कोर्डिनेट करेगा. 

Up News: एक ही परिवार के पांच लोगों ने किया Suicide का प्रयास

Lucknow: लोकभवन के सामने शुक्रवार सुबह एक ही परिवार के पांच लोगों ने आत्मदाह (Suicide) का प्रयास किया। सभी को एक साथ तेल उड़ेलता देख पुलिस ने दौड़कर पकड़ लिया। सभी को अस्पताल लेकर गए। जहां चिकित्सकीय परीक्षण के बाद थाने पहुंचाया गया। वहां हरदोई के जिला प्रशासन से बातचीत कर कार्यवाही का आश्वासन दिया गया।

Suicide: युवक और युवती ने लगाई फांसी, पेड़ से लटके मिले शव

हरदोई के धन्नूपुरवा के रहने वाले एक परिवार ने शुक्रवार सुबह करीब 10:30 बजे आत्मदाह (Suicide) का प्रयास किया। वहां मौजूद पुलिस कर्मियों ने एक व्यक्ति को तेल उड़ेलते देखा तो उसे पकड़ लिया। इसके बाद पूरा परिवार इधर-उधर होने लगा। पुलिस ने संदेह होने पर पांच लोगों को पकड़ लिया। सभी को चिकित्सकीय परीक्षण के लिए सिविल अस्पताल भेजा। इसके बाद थाने भेज दिया।

Telangana: एक शराबी बेटे ने नशे की लत के चलते अपनी मां को मौत के घाट उतार दिया

प्रभारी निरीक्षक श्याम बाबू शुक्ला के मुताबिक हरदोई के धन्नूपुरवा निवासी उमेश यादव, राजाराम, वीरू यादव, उषा देवी, माया लोक भवन पहुंचे। वहां उन्होंने तेल उड़ेलकर आत्मदाह (Suicide) की कोशिश की। लेकिन पुलिस ने समय पर बचा लिया। 

राजाराम का आरोप है कि वह जिस मकान में वह 40 साल से रहते हैं। उस पर कामिनी वर्मा व उनके पति शिशिर वर्मा कब्जा करना चाहते हैं। इस संबंध में हरदोई के शहर कोतवाली की पुलिस से शिकायत की गई लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई। राजस्व विभाग भी सहयोग नहीं कर रहा है। आरोपी पूरे परिवार को लगातार धमकी दे रहे हैं। राजाराम के मुताबिक परिवार में 7 लोग हैं। हरदोई शहर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक से बातचीत कर परिवार को कार्यवाही के लिए आश्वस्त किया गया है।

Petrol-Diesel: दिल्ली में रिकॉर्ड स्तर पर बिक रहा पेट्रोल, लगातार बढ़ रहे फ्यूल प्राइस

New Delhi: पिछले कुछ वक्त में देश में लगातार फ्यूल प्राइस बढ़ाए जा रहे हैं. शुक्रवार यानी 5 फरवरी, 2021 को फिर से पेट्रोल-डीजल (Petrol-Diesel) के दामों में बढ़ोतरी की गई है. पेट्रोल-डीजल (Petrol-Diesel) दोनों के ही दामों में शुक्रवार को 30-30 पैसों की बढ़ोत्तरी हुई है, जिसके बाद दिल्ली में पेट्रोल का दाम अब तक अपने सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गया है.

दिल्ली में petrol-diesel के दाम

दिल्‍ली में Petrol की कीमतें 85 रुपये के पार, Diesel भी रिकॉर्ड ऊंचाई के नजदीक

बता दें कि शुक्रवार को ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने पेट्रोल-डीजल (Petrol-Diesel) के दाम में 30-30 पैसे बढ़ाए हैं, जिसके बाद दिल्ली में पेट्रोल 86.95 रुपए प्रति लीटर के दाम पर बिक रहा है. दिल्ली में डीजल के दाम 30 पैसे बढ़कर 77.13 रुपए प्रति लीटर हो गया है. 

Budget 2021 में Petrol-Diesel पर लगाया गया कृषि सेस

मुंबई में भी डीजल अपने अबतक के सबसे महंगे स्तर पर बिक रहा है. यहां पर पेट्रोल 93.49 रुपए प्रति लीटर और डीजल के दाम 83.99 रुपए प्रति लीटर हो गया है. अगर दूसरे शहरों की बात करें तो चेन्नई में पेट्रोल 89.39 रुपए प्रति लीटर और डीजल 82.33 रुपए प्रति लीटर बिक रहा है. हैदराबाद में पेट्रोल 90.42 रुपए प्रति लीटर और डीजल 84.14 रुपए प्रति लीटर तक बिक रहा है. कोलकाता में पेट्रोल 88.30 रुपए और डीजल 80.71 रुपए प्रति लीटर है.

Petrol-Diesel Prices: पेट्रोल-डीजल इस हफ्ते में चौथी बार हुआ महंगा

बता दें कि दिसंबर, 2020 में लगभग पूरे महीने ही ईंधन के दामों में कोई बदलाव नहीं किया गया था, लेकिन जनवरी से दाम फिर से बढ़ाए जाने लगे. 1 जनवरी से अबतक पेट्रोल जहां 3.24 रुपए महंगा हुआ है, वहीं डीजल के दाम 3.26 रुपए बढ़ाए जा चुके हैं.

क्रूड ऑयल की कीमतों और विदेशी मुद्रा की दरों के हिसाब से देश में हर रोज पेट्रोल-डीजल (Petrol-Diesel) की कीमतों में बदलाव किया जाता है. ये नई कीमतें हर रोज सुबह 6 बजे से देश के हर पेट्रोल पंप पर लागू हो जाती हैं. 

Delhi Police: माहौल खराब करने की थी साजिश, 300 से ज्यादा ट्विटर हैंडल पर थी नजर

New Delhi: किसानों के प्रदर्शन (Farmers Protest) को लेकर ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) और रिहाना (Rihanaa) सहित कई इंटरनेशल सेलेब्रिटी के ट्वीट को लेकर दिल्‍ली पुलिस (Delhi Police) ने केस दर्ज किया है. पुलिस ने गुरुवार को एक प्रेस कॉन्‍फ्रेंस करके बताया कि FIR में किसी का नाम नहीं डाला गया है. प्रेस कॉन्‍फ्रेंस में बताया गया कि 300 से ज्यादा ट्विटर हैंडल पर उसकी नजर थी. 

Greta Thunberg पर दिल्ली पुलिस की FIR, बोलीं-अब भी किसानों के साथ खड़ी हूं

किसान आंदोलन (Farmers Protest) को लेकर चल रही जांच में सोशल मीडिया पर भी गहराई से नजर रखी गई थी. दिल्ली पुलिस (Delhi Police) ने ऐसे सोशल मीडिया हैंडल के खिलाफ केस रजिस्टर किया था जो गलत जानकारी फैला रहे थे. पुलिस के अनुसार, इस ‘टूलकिट’ के जरिये माहौल और भारत सरकार की छवि खराब करने की साजिश थी.

अमेरिकी एक्ट्रेस Amanda Cerny ने किसान आंदोलन का किया समर्थन, इंस्टाग्राम पर खुलकर रखी अपनी राय

पुलिस (Delhi Police) के अनुसार, इसमें खास तारीख पर ‘ट्विटर स्ट्रोम’ का भी जिक्र किया गया है (ग्रेटा का बिना नाम लिए). उसके द्वारा अपलोड किए गए टूलकिट पर नजर है, जिसकी जांच हो रही है. इसको लेकर दिल्ली पुलिस ने सेक्शन 124 A (sedition), 153A, 153 और 120 B के तहत मुकदमा दर्ज किया है. पुलिस ने साफ किया है कि FIR में ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) का नाम नहीं लिखा गया है उसके ट्वीट और टूलकिट पर हम केस रजिस्टर कर जांच कर रहे हैं. इस टूलकिट के जरिये माहौल खराब करने और भारत सरकार की छवि खराब करने की साजिश रची गई थी.

इंटरनेशनल हस्तियों के ट्वीट को दुष्प्रचार बताए जाने पर Amanda Cerny ने कहा- इन बेवकूफों को किसने हायर किया है…

New Delhi: अमेरिकी एक्ट्रेस और वीलॉगर अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) किसान आंदोलन (Farmers Protest) को लेकर बहुत ही बेबाकी के साथ ट्वीट कर रही हैं. हालांकि उन्हें सोशल मीडिया पर ट्रोल किया जा रहा है लेकिन वह इन ट्रोल्स का भी बखूबी जवाब दे रही हैं. इंटरनेशनल हस्तियों के ट्वीट का जवाब देने के लिए बॉलीवुड हस्तियों अक्षय कुमार, अजय देवगन, सचिन तेंदुलकर, विराट कोहली और करण जौहर ने ट्वीट किए और किसान आंदोलन (Farmers Protest) को लेकर उनकी बातों को दुष्प्रचार बताया. अब अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) ने एक बार फिर ट्वीट किया है और इन हस्तियों को आड़े हाथ लिया है. 

अमेरिकी एक्ट्रेस Amanda Cerny ने किसान आंदोलन का किया समर्थन, इंस्टाग्राम पर खुलकर रखी अपनी राय

अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) ने भारतीय हस्तियों के इंटरनेशनल हस्तियों के ट्वीट को दुष्प्रचार बताए जाने पर जवाब दिया है, ‘इन बेवकूफों को किसने हायर किया है जिन्होंने यह प्रोपेगैंड लिखा है. एक पूरी तरह से असंबंधित हस्तियां भारत को तोड़ने के लिए साजिश कर रही हैं और इसके लिए उन्हें पैसा भी मिला है? कुछ तो सोचो. कम से कम इसे तो कुछ रियलिस्टिक रखते.’ इस तरह उन्होंने सेलिब्रिटीज को जवाब दिया. 

Farmers Protest: रिहाना के ट्वीट के बाद सरकार के मंत्रियों और बॉलीवुड सितारों ने संभाला मोर्चा

Greta Thunberg पर दिल्ली पुलिस की FIR, बोलीं-अब भी किसानों के साथ खड़ी हूं

बता दें कि अमेरिकी पॉप सिंगर रिहाना (Rihanna), सोशल एक्टिविस्ट ग्रेटा थर्नबर्ग (Greta Thunberg) और एक्ट्रेस मिया खलीफा की तरह अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) ने भी इंस्टाग्राम पर अपना पक्ष रखा था. अमांडा सर्नी ने इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा था, ‘दुनिया देख रही है. आपको मुद्दे को समझने के लिए भारतीय या पंजाबी या दक्षिण एशियाई होना जरूरी नहीं है. आप सिर्फ मानवता के हिमायती होने चाहिए. हमेशा अभिव्यक्ति की आजादी, प्रेस की आजादी, मूल नागरिक अधिकारों जैसे श्रमिकों के लिए समानता और सम्मान की मांग करनी चाहिए. #FarmersProtest #internetshutdown’

Prakash Raj ने ग्रेटा थनबर्ग के ट्वीट को रिट्वीट करते हुए कहा- किसानों को मेरा समर्थन जारी

0

New Delhi: सोशल एक्टिविस्ट ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) ने किसान आंदोलन (Farmers Protest) को समर्थन करते हुए एक ट्वीट किया था. अब इसी ट्वीट को लेकर दिल्‍ली पुलिस ने सोशल एक्टिविस्ट के खिलाफ केस दर्ज किया है, इसमें आपराधिक साजिश और समूहों में दुश्‍मनी फैलाने का आरोप लगाया गया है. हालांकि केस दर्ज होने के कुछ ही देर बार ग्रेटा ने फिर से ट्वीट किया और लिखा, ‘मैं अब भी किसानों के समर्थन में खड़ी हूं और नफरत, धमकी या मानवाधिकारों का उल्‍लंघन इसे नहीं बदल सकता.’

Greta Thunberg पर दिल्ली पुलिस की FIR, बोलीं-अब भी किसानों के साथ खड़ी हूं

ग्रेटा थनबर्ग के ट्वीट को रिट्वीट करते हुए एक्टर प्रकाश राज (Prakash Raj) ने ट्वीट किया है और उन्होंने भी किसानों को समर्थन की अपनी बात दोहराई है. 

प्रकाश राज (Prakash Raj) ने ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) के ट्वीट को रिट्वीट करते हुए लिखा, ‘मैं भी किसानों को अपना समर्थन देना जारी रखूंगा.’ इस तरह उनका ट्वीट खूब पढ़ा जा रहा है और इस पर रिएक्शन भी आ रहे हैं. 

Farmers Protest: रिहाना के ट्वीट के बाद सरकार के मंत्रियों और बॉलीवुड सितारों ने संभाला मोर्चा

अमेरिकी एक्ट्रेस Amanda Cerny ने किसान आंदोलन का किया समर्थन, इंस्टाग्राम पर खुलकर रखी अपनी राय

बता दें कि ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) ने अपने पहले ट्वीट में लिखआ था कि हम भारत में चल रहे किसान आंदोलन (Farmers Protest) के साथ एकजुटता से खड़े हैं. इस ट्वीट पर जमकर हंगामा हुआ था. यही नहीं, अमेरिकी पॉप सिंगर रिहाना और एक्ट्रेस मिया खलीफा ने भी किसान आंदोलन को लेकर ट्वीट किए थे. जिसके भारतीय हस्तियों ने इनके ट्वीट को प्रोपेगैंडा बताया था.

Greta Thunberg पर दिल्ली पुलिस की FIR, बोलीं-अब भी किसानों के साथ खड़ी हूं

New Delhi: क्लाइमेट चेंज एक्टिविस्ट ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) ने अपने खिलाफ दिल्ली पुलिस (Delhi Police) की एफआईआर के बाद फिर किसान आंदोलन (Farmers Protest) का समर्थन किया है। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि मैं अब भी किसानों के साथ खड़ी हूं और उनके शांतिपूर्वक विरोध का समर्थन करती हूं। नफरत, धमकी या मानवाधिकारों के उल्लंघन इसे बदल नहीं सकता है।

अमेरिकी एक्ट्रेस Amanda Cerny ने किसान आंदोलन का किया समर्थन, इंस्टाग्राम पर खुलकर रखी अपनी राय

बता दें कि दिल्ली पुलिस ने गुरुवार को ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) पर आपराधिक षड्यंत्र और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का आरोप लगाते हुए एफआईआर (FIR) दर्ज किया था। स्वीडन की रहने वाली ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) पर आईपीसी के सेक्शन 153 A और 120B के तहत FIR दर्ज की गई है। दिल्ली पुलिस ने ग्रेटा के खिलाफ उनके कई ट्वीट्स पर संज्ञान लिया है, जिन्हें भड़काऊ करार दिया जा रहा है।

Farmers Protest: रिहाना के ट्वीट के बाद सरकार के मंत्रियों और बॉलीवुड सितारों ने संभाला मोर्चा

ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) ने मंगलवार को ट्वीट किया ता कि हम भारत में किसानों के आंदोलन (Farmers Protest) के प्रति एकजुट हैं। उन्होंने इसके साथ ही सीएनएन (CNN) की एक खबर टैग की जिसका शीर्षक था, ‘प्रदर्शनकारी किसानों और पुलिस में झड़प के बीच भारत ने नयी दिल्ली के आसपास इंटरनेट सेवा बंद की।’ इतना ही नहीं, एक अन्य ट्वीट में उन्होंने किसान आंदोलन (Farmers Protest) को लेकर एक कथित दस्तावेज भी शेयर की थी, जिसमें आंदोलन के समर्थन की प्लानिंग लिखी हुई थी।

Farmers Protest: दिल्ली के धरनास्थलों पर इंटरनेट सेवाएं दो फरवरी की रात तक निलंबित

ग्रेटा थनबर्ग (Greta Thunberg) को जलवायु संकट के खिलाफ लड़ाई में सबसे अग्रणी वक्ता के रूप में जाना जाता है। उन्होंने कई बार अपने भाषणों से लोगों का दिल जीता है। इसके अलावा डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) के साथ उनकी ट्विटर वॉर की भी खूब चर्चा हुई थी। दिसंबर 2020 में स्वीडन की इस 16 साल की पर्यावरण ऐक्टिविस्ट को प्रतिष्ठित टाइम मैगजीन ने 2019 का ‘पर्सन ऑफ द ईयर’ चुना गया था।

Kangana Ranaut: किसानों को ‘आतंकवादी’ कहा, इसलिए मेरे 6 ब्रांड कॉन्टेक्ट रद्द हुए

ग्रेटा (Greta Thunberg) ने अपने ट्वीट में भारत विरोधी एक दस्तावेज भी ट्वीट किया था, जिसमें मोदी सरकार (Modi Government) और भारत के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एजेंडा चलाने की प्लानिंग लिखी हुई थी। इसमें लोगों से ज्यादा से ज्यादा संख्या में आंदोलन (Farmers Protest) में शामिल होने और फोटो-वीडियो को शेयर करने के लिए कहा गया था। इतना ही नहीं, सोशल मीडिया प्लेटफार्म्स पर इसके जरिए एक डिजिटल स्ट्राइक करने की भी योजना बनाई गई थी। भारत सरकार पर दबाव कैसे बनाया जाए इसकी भी प्लानिंग की गई थी।

महिला ने इंटरनेट से हुई दोस्ती में शेयर किए पर्सनल फोटो, आरोपी Blackmail करने लगा।

UP: उत्तर प्रदेश (UP) की इटावा (Etawah) में पुलिस ने शादीशुदा महिला को ब्लैकमेल (Blackmail) कर उससे दो लाख रूपयों की मांग करने वाले शोहदे को धर दबोचा है. कोतवाली पुलिस के मुताबिक आरोपी पीड़ित महिला का फोटो और वीडियो सोशल मीडिया (Social Media) पर पोस्ट करने की धमकी देकर दो लाख रूपये की मांग कर रहा था. पुलिस अधीक्षक (SP) सिटी प्रशांत कुमार ने बुधवार को बताया कि महिला को उसके फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर करने को लेकर ब्लैकमेल करने और दो लाख रूपये की मांग करने वाले मनचले युवक को गिरफ्तार किया गया है.

लॉकडाउन ने बनाया चोर: कर्ज में डूबे 5 युवकों ने रुड़की से चोरी किए थे 42 लैपटॉप, 2 गिरफ़्तार

पीड़िता द्वारा कोतवाली पुलिस से की गई शिकायत के मुताबिक कुछ समय पूर्व वो ऑनलाइन मोबाइल गेम खेलती थी. इस दौरान गेम के माध्यम से उसका शिवम कनौजिया उर्फ शिवम कुमार से संपर्क हुआ, और उसके बाद फोन पर उनके बीच बातचीत होने लगी. कुछ समय बाद उसके प्रभाव में आकर महिला की वीडियो काॅल आदि के माध्यम से बात होने लगी और शिवम के पास पीड़िता की पर्सनल फोटो पहुंच गई थी. इसके बाद शिवम कन्नौजिया लगातार महिला और उसके पति को फोन कर धमकी देने लेने लगा ब्लैकमेल (Blackmail) करने लगा और कहने लगा कि तुम और तुम्हारा पति मुझे दो लाख रूपये दो, वरना वो उसके सारी तस्वीरों को उसके परिचित लोगों को भेज देगा जिससे वो सभी जगह बदनाम हो जाएगी.

Gaziabad: मां को याद कर रो रही बच्ची की पिता ने ही गुस्से में गला दबाकर कर दी हत्या

शिवम कन्नौजिया ने महिला पर दबाव बनाने के लिए उसकी सहेली और उसके कुछ परिचित लोगों को उसकी निजी तस्वीरें भेज दी जिसके चलते वो काफी परेशान थी. पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 384 और 66 ई, 67 ए आईटी एक्ट के तहत केस दर्ज किया है.

48 घंटे में दूसरा ATM उखाड़ ले गए बदमाश, 12.70 लाख थे मौजूद

इटावा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) आकाश तोमर ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मनचले युवक शिवम कन्नौजिया की गिरफ्तारी करने और घटना के अनुसंधान के लिए कोतवाली थाने से टीम गठित किया. टीम द्वारा काम पर लगते हुए सभी इलेक्ट्राॅनिक और मैनुअल साक्ष्यों को एकत्रित किया गया जिसके आधार पर बुधवार को बद्वेश्वर आदर्श बिहार थाना ताल कटोरा राजाजीपुरम जनपद लखनऊ से गिरफ्तार किया गया. पुलिस ने आरोपी के कब्जे से मोबाइल फोन और सिम कार्ड को भी बरामद किया गया है जिससे महिला को ब्लैकमेल (Blackmail) किया जा रहा था.

BMC ने साल 2021-22 के लिए 39 हजार करोड़ का बजट पेश किया, पैसा कहां से आएगा साफ नहीं?

0

Mumbai: देश की सबसे बड़ी नगरपालिका बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) ने साल 2021-22 के लिए 39038.83 करोड़ का बजट (Budget) पेश किया है. खास बात है कि पिछले साल की तुलना में 16.74 फीसदी ज्यादा इस बजट में BMC ने आम जनता पर सीधे कोई टैक्स नहीं लगाने का दावा किया है. लेकिन पैसे कहां से आएंगे इसका भी साफ-साफ उल्लेख नहीं होने से विपक्ष ने इसे मुंगेरीलाल के हसीन सपनों वाला बजट बताया है.

Sonu Sood: BMC के खिलाफ पहुंचे बॉम्बे हाईकोर्ट, कहा-नहीं कराया कोई अवैध निर्माण

बीएमसी (BMC) के आयुक्त आईएस चहल ने साल 2021-22 के बजट में मुंबईकरों के लिए राहत की सौगात देने का दावा किया है. साल 2021-22 के लिए आयुक्त ने 39038.33 करोड़ रुपये का बजट पेश किया है. यह साल 2019-20 की तुलना में 16.74 फीसदी ज्यादा है. जबकि कोरोना महामारी (Corona Pandemic) की वजह से पिछले साल राजस्व वसूली में 5876 का घाटा हुआ था. सवाल है कि इस बार पैसे कहां से आएंगे?

मुंबई: टीबी अस्‍पताल के मेडिकल सुपरिंटेडेंट को हटाया गया

मुंबईकरों को राहत देते हुए बीएमसी (BMC) ने बजट में 500 स्क्वेयर फीट तक के घरों को प्रॉपर्टी टैक्स में छूट देने की बात दोहराई है. कोविड संकट के दौरान मदद के लिए आगे आए होटल मालिकों को प्रॉपर्टी टैक्स में छूट दी गई है तो विज्ञापन होर्डिंग वालों को भी राहत दी गई है. हर साल 10 फीसदी बढ़ने वाले शुल्क को सिर्फ 5 फीसदी बढ़ाया गया है.

Mumbai: Don Chhota Rajan को दो साल की सजा, 26 करोड़ की रंगदारी का मामले।

बजट में कोरोना काल (Corona Pandemic) में काम करते समय जिन बीएमसी (BMC) और बेस्ट (BEST) कर्मचारियों की मौत हुई उनके परिवारों को 50-50 लाख का मुआवजा देने की घोषणा की गई है. कोरोना संकट में यातायात का मुख्य साधन बनी बेस्ट बस उपक्रम के लिए 750 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है. महत्वकांक्षी कोस्टल परियोजना के लिए इस  साल 2000.07 करोड़ रुपये और गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड के लिए 1300 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है.

Mumbai: अंधेरी में दुकानदार एक्सपायर हो चुके प्रोडक्ट्स बेच रहा था, गिरफ्तार

बीएमसी (BMC) में सत्ताधारी दल शिवसेना ने बजट का स्वागत करते हुए इसे संतुलित बजट बताया है. कोरोना महामारी को देखते हुए स्वास्थ्य सेवा में सुधार की जरूरत महसूस की जा रही थी और ज्यादा पैसों के प्रावधान की उम्मीद थी, लेकिन सिर्फ 4728.53 करोड़ का प्रावधान किया गया है. जबकि पिछले साल संशोधित अनुमान 5226.17 करोड़ था. शायद यही वजह है कि राज्य सरकार में शिवसेना के साथ सत्ता में शामिल कांग्रेस और एसपी (Congress & NCP) ने बजट को निराशाजनक बताया है. जबकि बीजेपी (BJP) का आरोप है कि पैसे कहां से आएंगे, ये बताया ही नहीं गया है, इसलिए ये बजट सिर्फ आंकड़ों का खेल है.

Mumbai: लवीना लोध के आरोपों को महेश-मुकेश भट्ट ने बताया झूठा, किया बड़ा खुलासा

कोरोना संकट से अर्थव्यवस्था पर पहले से संकट है. ऐसे में आम जनता पर बोझ डाले बिना विकास, स्वास्थ्य और दूसरी सभी योजनाओं को अमलीजामा पहनाने के लिए जरूरी पैसों को लाना एक बड़ी चुनौती है.

Farmers Protest: रिहाना के ट्वीट के बाद सरकार के मंत्रियों और बॉलीवुड सितारों ने संभाला मोर्चा

New Delhi: कृषि कानूनों (Farm Laws) पर किसानों के आंदोलन (Farmers Protest)  को लेकर दो खेमे बनते नजर आ रहे हैं. जहां कुछ विदेशी सेलेब्रिटी सहित कई लोग किसानों के पक्ष में खुलकर खड़े हैं वहीं ऐसे लोगों की भी कमी नहीं है तो आंदोलनकारी किसानों के प्रदर्शन (Farmers protest) को प्रोपेगैंडा बताते हुए इसका मकसद देश में अस्थिरता पैदा करना मान रहे हैं. 

अमेरिकी एक्ट्रेस Amanda Cerny ने किसान आंदोलन का किया समर्थन, इंस्टाग्राम पर खुलकर रखी अपनी राय

गणतंत्र दिवस (Republic Day) पर किसानों की ट्रैक्‍टर रैली (Tractor Rally) में हुई हिंसा को वे इसी कैटेगरी में रखते हैं. विदेशों से आंदोलनकारियों (Farmers Protest) को मिल रहे सपोर्ट के खिलाफ यह दूसरा खेमा बेहद मुखर है और इसे भारत के अंदरूनी मसले में अनावश्‍यक दखल मान रहा है. हाल ही में हॉलीवुड की पॉप सिंगर रिहाना (Rihanna) और कुछ अन्‍य सेलेब्रिटी ने किसानों के प्रदर्शन (Farmers Protest) को लेकर समर्थन बतया तो सरकार के शीर्ष मंत्री और अक्षय कुमार (Akshay Kumar), अजय देवगन (Ajay Devgn), सुनील शेट्टी सहित कई बॉलीवुड सेलिब्रिटी सरकार के पक्ष में खड़े नजर आए. उन्‍होंने #IndiaAgainstPropaganda और #IndiaTogether के हैशटेग के साथ ट्वीट किए.

दरअसल, भारत सरकार के विदेश मंत्रालय ने किसान आंदोलन को लेकर अपना बयान जारी किया है. जिसकी फोटो अक्षय कुमार (Akshay Kumar Twitter) ने अपने ट्विटर हैंडल पर शेयर की. एक्टर अक्षय कुमार (Akshay Kumar) ने लिखा, “किसान देश का बहुत ही अहम हिस्सा हैं. उनके मसलों का समाधान करने की हरेक कोशिश की जा रही है, और वह नजर भी आ रही है. आइए सौहार्द्रपूर्ण समाधान का समर्थन करें, न कि बांटने वाली बातों पर ध्यान दें. #IndiaTogether #IndiaAgainstPropaganda…”

अक्षय और अजय देवगन के अलावा कई मंत्रियों ने भी #IndiaTogether #IndiaAgainstPropaganda के हैशटैग के साथ सरकार का बयान रीट्वीट किया है, इसमें निर्मला सीतारमण, हरदीप सिंह पुरी, विजय कुमार सिंह, जी किशन रेड्डी आदि शामिल हैं.

वित्‍त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने ट्वीट में लिखा, ‘ऐसे अहम मुद्दों पर कोई टिप्‍पणी करने से पहले हम आग्रह करना चाहेंगे कि तथ्‍यों के बारे में ठीक से पता लगाया जाए और मामले पर उचित समझ रखते हुए कुछ कहा जाए.’ नागरिक उड्डयन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने ट्वीट में लिखा, ‘कृषि क्षेत्र से संबंधित सुधारवादी कानून देश की संसद द्वारा पूरी बहस के बाद पास किए गए हैं. सरकार उन किसानों के साथ 11 दौर की चर्चा कर चुकी है जिन्‍होंने इन कानूनों को लेकर अपनी शंकाएं जाहिर की हैं.’

अमेरिकी एक्ट्रेस Amanda Cerny ने किसान आंदोलन का किया समर्थन, इंस्टाग्राम पर खुलकर रखी अपनी राय

New Delhi: अमेरिकी एक्ट्रेस और वीलॉगर अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) ने भी अपनी इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिये किसानों का समर्थन (Farmers Protest) किया है. अमेरिकी पॉप सिंगर रिहाना, सोशल एक्टिविस्ट ग्रेटा थर्नबर्ग और एक्ट्रेस मिया खलीफा की तरह अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) ने भी इंस्टाग्राम पर खुलकर अपनी राय रखी है और एक यूजर के सवाल का बहुत ही शिद्दत के साथ जवाब भी दिया है. अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) की यह पोस्ट सोशल मीडिया पर पढ़ी जा रही है और इस पर खूब कमेंट्स भी आ रहे हैं. 

Kangana Ranaut: किसानों को ‘आतंकवादी’ कहा, इसलिए मेरे 6 ब्रांड कॉन्टेक्ट रद्द हुए

अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) ने अपनी इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा है, ‘दुनिया देख रही है. आपको मुद्दे को समझने के लिए भारतीय या पंजाबी या दक्षिण एशियाई होना जरूरी नहीं है. आप सिर्फ मानवता के हिमायती होने चाहिए. हमेशा अभिव्यक्ति की आजादी, प्रेस की आजादी, मूल नागरिक अधिकारों जैसे श्रमिकों के लिए समानता और सम्मान की मांग करनी चाहिए. #FarmersProtest #internetshutdown’

Kangna Ranaut ने दिलजीत को बताया ‘भेड़ की खाल में भेड़िया’ बोलीं- खालिस्तानी

अमांडा सर्नी (Amanda Cerny) की इस पोस्ट पर एक यूजर ने कमेंट किया था, ‘हमारे भारतीय आर्टिस्ट इस मसले पर पोस्ट डालने को लेकर भारत सरकार से खूब डरे हुए हैं, आपको सलाम है अमांडा सर्नी.’ इस पर अमांडा ने रिप्लाई किया था, ‘मैं जानती हूं. मैंने कई लोगों से बात भी की है और समझा कि वह अपने मन की बात कहकर अपने कारोबार पर असर नहीं डालना चाहते. ‘राजनैतिक’ होने का असर कैरियर भी पड़ सकता है. मेरे लिए अपनी अंतरात्मा की आवाज की खातिर कुर्बानी देना खामोश रहने से ज्यादा कारगर लगता है. यह शुरू में तंग कर सकता है लेकिन आखिर में आप एक असली उद्देश्य के साथ जीते हैं अगर आपका लक्ष्य बिना किसी स्वार्थ के सही का साथ देने का है.’